आकिब नबी के बाद टीम इंडिया से जुड़े 2 नए खिलाड़ी, BCCI का बड़ा फैसला
भारतीय टीम का श्रीलंका दौरा 15 अगस्त से शुरू होने वाला है. उससे पहले टीम इंडिया में लगातार बदलाव हो रहे हैं. जसप्रीत बुमराह की जगह जम्मू-कश्मीर के उभरते हुए तेज गेंदबाज आकिब नबी स्क्वाड में शामिल हुए हैं. अब खबर है कि BCCI ने 2 नए खिलाड़ियों को श्रीलंका भेजने का फैसला लिया है.
हर्ष दुबे आऊर तनुष कोटियन को बतौर नेट गेंदबाज श्रीलंका दौरे पर भेजा गया है. श्रीलंकाई पिच स्पिन गेंदबाजी के लिए मददगार रहती हैं, इसके बावजूद हर्ष दुबे और तनुष कोटियन स्क्वाड में जगह नहीं बना पाए थे, लेकिन दोनों अब नेट बॉलर के रूप में भारतीय टीम के साथ जुड़ेंगे.
स्पिन अटैक की बात करें तो टीम इंडिया में कुलदीप यादव, रवींद्र जडेजा, मानव सुथार और सारांश जैन मौजूद हैं. जडेजा कई महीनों के बाद वापस आ रहे हैं, जो अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट मैच में नहीं खेले थे. वहीं अफगानिस्तान के खिलाफ डेब्यू मैच में मानव सुथार ने दमदार प्रदर्शन के बलबूते स्क्वाड में जगह सुरक्षित रखी है. वहीं 33 वर्षीय सारांश जैन पहली बार टीम इंडिया में चुने गए हैं.
बताया जा रहा है कि हर्ष दुबे और तनुष कोटियन 4 अगस्त यानी आज श्रीलंका के लिए रवाना होंगे.
श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय स्क्वाड: शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उपकप्तान), यशस्वी जयसवाल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), साई सुदर्शन*, ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रवींद्र जड़ेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, आकिब नबी, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन
हर्ष दुबे की बात करें तो उन्होंने अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज में अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया था. उन्होंने 2 मैचों में 4 विकेट लिए थे. वहीं 27 वर्षीय तनुष कोटियन ने अब तक टीम इंडिया के लिए डेब्यू नहीं किया है. वो दायें हाथ से ऑफ-स्पिन गेंदबाजी करते हैं और ठीकठाक बल्लेबाजी भी कर लेते हैं.
भारत बनाम श्रीलंका सीरीज का शेड्यूल
- पहला टेस्ट – भारत बनाम श्रीलंका – 15-19 अगस्त (गाले)
- दूसरा टेस्ट – भारत बनाम श्रीलंका – 23-27 अगस्त (कोलंबो)
18 साल बीत चुके हैं, श्रीलंका को टेस्ट सीरीज में भारत पर जीत नहीं मिल पाई है. श्रीलंका की टेस्ट क्रिकेट में टीम इंडिया पर आखिरी सीरीज जीत साल 2008 में आई थी. उन दिनों श्रीलंका टीम की कप्तानी महेला जयवर्धने के हाथों में थी और टीम में कुमार संगाकारा, तिलकरत्ने दिलशान और चामिंडा वास जैसे दिग्गज खिलाड़ी हुआ करते थे. उसके बाद दोनों देशों के बीच कुल 6 टेस्ट सीरीज खेली गई हैं, जिनमें पांच बार भारतीय टीम विजयी रही है, जबकि एक सीरीज ड्रॉ रही थी.
